ग्रहण 2027: ये आपकी कुंडली के किन भावों में पड़ते हैं
2027 में दो सूर्य ग्रहण हैं: 6 फ़रवरी को कुंभ के 17°38' पर वलयाकार ग्रहण और 2 अगस्त को सिंह के 9°55' पर लंबा पूर्ण ग्रहण। परंपरा में ग्रहण मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं। आपके जीवन में ये मोड़ कहाँ आते हैं, यह कुंडली के उन भावों पर निर्भर है जिनमें ग्रहण पड़ते हैं।
🌑 सूर्य ग्रहण: 06/02/2027, कुंभ 17°38'
🌕 चंद्र ग्रहण (उपच्छाया): 20/02/2027, कन्या 2°06'
🌕 चंद्र ग्रहण (उपच्छाया): 18/07/2027, मकर 25°49'
🌑 पूर्ण सूर्य ग्रहण: 02/08/2027, सिंह 9°55'
🌕 चंद्र ग्रहण (उपच्छाया): 17/08/2027, कुंभ 24°12'
अपना भाव खोजें
जन्म का विवरण दर्ज करें। समय मायने रखता है: भाव लगभग हर दो घंटे में बदलते हैं।
भावों के अनुसार
भाव 1: आप स्वयं, शरीर और दिशाग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 1 — आप स्वयं, शरीर और दिशा। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 2: धन, आय और आत्म-मूल्यग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 2 — धन, आय और आत्म-मूल्य। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 3: पढ़ाई, लेखन और नज़दीकी दायराग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 3 — पढ़ाई, लेखन और नज़दीकी दायरा। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 4: घर, परिवार और जड़ेंग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 4 — घर, परिवार और जड़ें। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 5: रचनात्मकता, प्रेम और संतानग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 5 — रचनात्मकता, प्रेम और संतान। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 6: रोज़ का काम और स्वास्थ्यग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 6 — रोज़ का काम और स्वास्थ्य। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 7: साझेदारी और प्रतिबद्धताएँग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 7 — साझेदारी और प्रतिबद्धताएँ। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 8: साझा धन, क़र्ज़ और भरोसाग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 8 — साझा धन, क़र्ज़ और भरोसा। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 9: विश्वास, शिक्षा और विदेश यात्राग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 9 — विश्वास, शिक्षा और विदेश यात्रा। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 10: करियर और सार्वजनिक भूमिकाग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 10 — करियर और सार्वजनिक भूमिका। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 11: दोस्त, समुदाय और दूर के लक्ष्यग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 11 — दोस्त, समुदाय और दूर के लक्ष्य। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
भाव 12: विश्राम, एकांत और छिपा हुआग्रहण कुंडली के इस भाव में पड़ता है: भाव 12 — विश्राम, एकांत और छिपा हुआ। परंपरा में ग्रहण यहाँ मोड़ के क्षणों को चिह्नित करते हैं।
प्रश्न
2027 में ग्रहण कब हैं?सूर्य ग्रहण 6 फ़रवरी (कुंभ) और 2 अगस्त (सिंह) को; उपच्छाया चंद्र ग्रहण 20 फ़रवरी (कन्या), 18 जुलाई (मकर) और 17 अगस्त (कुंभ) को।
2027 का कौन सा ग्रहण मेरे लिए सबसे अहम है?वह जो आपके ग्रहों या कुंडली के कोणों के सबसे क़रीब पड़ता है। जन्म का विवरण दर्ज करें और देखें कि हर सूर्य ग्रहण किस भाव में पड़ता है और क्या वह आपकी कुंडली को छूता है।